- Hindi News
- उत्तर प्रदेश
- लखनऊ
- एक अप्रैल को शिक्षक और कर्मचारी मनाएंगे ब्लैक डे, काली पट्टी बांधकर करेंगे कार्य
एक अप्रैल को शिक्षक और कर्मचारी मनाएंगे ब्लैक डे, काली पट्टी बांधकर करेंगे कार्य
2.png)
लखनऊ: नेशनल मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन स्कीम (अटेवा) के आह्वान पर 1 अप्रैल को पूरे देश में यूपीएस (नई पेंशन योजना) के विरोध में ब्लैक डे मनाया जाएगा। सरकार द्वारा केंद्र की नौकरियों में यूपीएस लागू करने के निर्णय के खिलाफ देशभर के शिक्षक और कर्मचारी विरोध जता रहे हैं। इस क्रम में प्रदेश के शिक्षक और कर्मचारी भी 1 अप्रैल को काली पट्टी बांधकर अपने कार्यस्थलों पर काम करेंगे और पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपेंगे।
अटेवा की बैठक में ब्लैक डे मनाने का निर्णय
अर्द्धसैनिक बलों की पुरानी पेंशन बहाली की मांग
प्रदेश महामंत्री डॉ. नीरजपति त्रिपाठी ने कहा कि "सरकार को अर्द्धसैनिक बलों की पुरानी पेंशन बहाल कर उनके बुढ़ापे की लाठी को मजबूत करना चाहिए।" वहीं, स्वास्थ्य कर्मचारी महासंघ के महामंत्री अशोक कुमार ने सरकार से निजीकरण समाप्त करने और पुरानी पेंशन बहाल करने की मांग की।
अटेवा के समर्थन में विभिन्न संगठनों की एकजुटता
पंचायती राज ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ के महामंत्री रामेंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि "हम सभी पुरानी पेंशन बहाली के मुद्दे पर अटेवा के साथ खड़े हैं, क्योंकि अटेवा ही लखनऊ से दिल्ली तक पेंशन बहाली की लड़ाई लड़ रहा है।"
बैठक में कई संगठनों ने दी सहमति
बैठक में संगीता देवी, विजय कुमार विश्वास, नरेंद्र कुमार, विजय सिंह, विनय कुमार, मनोज कुमार, सुरेश, धीरेन्द्र, शिव लाल और मीना कुमारी समेत विभिन्न विभागों के कर्मचारी नेता और प्रतिनिधि उपस्थित रहे। सभी ने अटेवा के नेतृत्व में ब्लैक डे मनाने और पुरानी पेंशन बहाली की लड़ाई को तेज करने पर सहमति जताई।
1 अप्रैल को जिला मुख्यालयों पर सौंपा जाएगा ज्ञापन
ब्लैक डे के दिन शिक्षक और कर्मचारी अपने-अपने जिलों में जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपेंगे और पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर विरोध दर्ज कराएंगे। अटेवा के इस आंदोलन को देशभर में विभिन्न संगठनों का समर्थन मिल रहा है, जिससे यह आंदोलन और तेज होने की संभावना है।